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क्या है सुहागनों के चांदी पहनने के फायदे?

चांदी पहनने के लाभ

शिव के नेत्रों से उतपन्न होने वाली चांदी बहुत ही सात्विक और सौभाग्यशाली धातु मानी जाती है। माना जाता है कि चांदी शुक्र और चंद्रमा से जुड़ी धातु है। वैभव और सम्पन्नता की प्रतीक चांदी केवल धन धान्य नही, मन की शांति और स्वास्थ्य भी देती है। आइए जानते है चांदी के प्रयोग करने के तरीके और लाभ।

अंगूठी के रूप में

आप बाजार से चांदी की अंगूठी या छल्ला ले आएं और किसी भी उंगली में पहन लिया तो शायद आप उसका पूरा फायदा ना उठा पाओ। क्योंकि हर धातु को पहनने का एक सही समय, एक सही दिन और एक सही तरीका होता है।

आइए आपकी बताते है चांदी की अंगूठी को कैसे पहने?

पहला तरीका

यदि आपको साथ के साथ अंगूठी पहननी है तो शुक्रवार के दिन अंगूठी लाए। अंगूठी को एक बर्तन में रख कर सबसे पहले गाय के गोबर से फिर गोमूत्र से उसके बाद दूध और गंगाजल से स्नान कराएं। फिर साधारण जल से स्नान कराकर धूप दीप दिखाए, चावल चढ़ाए। भगवान शंकर व भगवान विष्णु का ध्यान कर हाथ की सबसे छोटी उंगली अर्थात कनिष्ठा उँगली में पहन लें।

दूसरा तरीका

अंगूठी को गुरुवार के दिन घर ले आए, अब गुरुवार की रात को ही, पूरी रात के लिए पानी से भरे बर्तन में डाल कर रख दे। सुबह भगवान विष्णु की प्रतिमा के सामने रख कर भगवान विष्णु की पूजा करे। केवल भगवान विष्णु इसलिए क्योंकि चांदी भगवान शिव के नेत्रों से उतपन्न हुई है और भगवान शिव के इष्ट विष्णु जी ही है। विष्णु जी की पूजा करने के बाद अंगूठी को धूप दीप दिखाए, चावल चढ़ाए और कनिष्ठा उंगली में अंगूठी पहन लें।

चांदी पहनने के लाभ

अंगूठी पहनने के लाभ

  • चन्द्र और शुक्र ग्रह सुंदरता के पर्याय है तथा व्यक्ति के रंग रूप की स्थिति इन्ही दो ग्रहों पर आधारित है।
  • चांदी की अंगूठी पहनने से रंग निखरकर दाग धब्बे मिट जाते है, क्योंकि चांदी एक शीतल धातु है तो इसे पहनने से मस्तिष्क शांत रहता है और जल्दी से गुस्सा नही आता।
  • कफ, जोड़ो के दर्द, तथा हड्डियों की कोई भी समस्या हो उसे दूर करने में चांदी अपना असर जरूर दिखाती है।
  • मानसिक क्षमता जो कमजोर चंद्रमा के कारण लुप्त होने लगती हैं वो चांदी पहनने से फिर मजबूत होने लगती है।
  • चांदी पहनने से वात पित्त कफ कंट्रोल में रहता है।
  • बच्चे में यदि हकलाहट की समस्या हो अथवा बच्चा अपनी बात सही से नही रख पा रहा हो तो चांदी पहनना इस स्थिति में काफी सुधार ला सकता है।
  • सर्दी खांसी और साइनस जैसी दिक्कतों में आराम मिलता है।
  • मन बिना कारण बैचैन रहता हो तो चांदी पहनने से आराम मिलता है।

किस राशि के लोगो को चांदी पहनने से क्या फायदे?

  • मेष, वृष, मिथुन, कर्क, कन्या, तुला, वृश्चिक, मकर, मीन राशि वाले चांदी धारण कर सकते है।
  • चांदी पहनने से सुख शांति समृद्धि का आगमन होता है।
  • वृष राशि वाले पहने तो पराक्रम बढ़ता है तथा भाई बन्धु से सहायता मिलती रहती है।
  • मिथुन राशि वाले पहने तो वाणी में मिठास आती है।
  • मेष राशि वालो को घर और गाड़ी का सुख मिलता है।
  • कन्या राशि वालो को इनकम में बढ़ोतरी होती है।
  • सिंह और धनु राशि वालो को चांदी का कोई खास लाभ नही होता।
  • कुंडली मे चंद्रमा कमजोर होने पर चांदी पहनने की सलाह दी जाती है।

चांदी के अन्य उपयोग और फायदे

  • इसके अलावा चांदी का उपयोग सिक्को, बर्तनों तथा मूर्तियों के रूप में भी कर सकते है।
  • चांदी की कटोरी में शहद चाटने से शरीर से टॉक्सिन्स निकल जाते है।
  • चांदी के बिछुए और पायल पहनने से ये स्त्री के हार्मोनल सिस्टम को सही रखते है, नर्वस सिस्टम और मसल्स मजबूत रहती है।
  • चांदी एंटीबैक्टीरियल मेटल है, ये जमीन से पॉजिटिव एनर्जी लेकर ब्रेन नर्व को कंट्रोल करती है।
  • गर्भधारण में आसानी होती है।

चांदी का करे इस्तेमाल पर रखे ध्यान

  • चांदी मिलावट की ना हो।
  • चांदी के बर्तन सदैव साफ करके प्रयोग करे।
  • सेंसटिव लोग सावधानीपूर्वक चांदी का प्रयोग करें।

चांदी के अन्य प्रयोग

  • गुरुवार को चांदी के बर्तन में केसर रखकर उसका तिलक लगाए, सुख शांति समृद्धि की प्राप्ति होगी।
  • सर्दी जुखाम की समस्या हो तो चांदी के गिलास में पानी पीएं।
  • चांदी की छोटी सी डिब्बी ले उसमे पीपल, अर्क, छिला, गूलर तथा अपामार्ग की जड़ लेकर रोज़ पूजा करे धनधान्य से भंडार भर जाएंगे।
  • अगर राहु पांचवे भाग में हो तो 200ग्राम चांदी का ठोस हाथी बनवाकर घर मे रखे।
  • अगर बुध ग्रह आठवें भाव मे नुकसानदायक हो तो चांदी की नथ पहने।
  • राहु की दशा हो तो चांदी के बर्तनों में भोजन करे।
  • पैसो की तंगी से परेशान हो तो अपने बिस्तर के चारो तरफ छोटी छोटी चांदी की कील ठोक ले।
    ये उपाय सोमवार की रात को चंद्रमा की रोशनी होने पर करें।
  • अगर पैसा आता हो पर टिकता ना हो तो चांदी की डिब्बी में हल्दी, सिंदूर रखकर उसे लाल कपड़े में बांधकर माँ लक्ष्मी के चरणों मे लगाकर तिजोरी में रखे।
  • अपने व्यवसाय के स्थान पर चांदी के बर्तन में सूखा धनिया रखकर उसमे गणेश लक्ष्मी जी की मूर्ति रखकर रोज उनकी पूजा करे।
  • रोगी व्यक्ति के बिस्तर के सिरहाने पर चांदी के तार में गोमती चक्र बांधकर टांग दे, आराम मिलेगा।
  • घर के उत्तरपश्चिम में चावल गेंहू से भरे मिट्टी के बर्तन में चांदी के सिक्के डाल कर रख दे, धन का अभाव नही होगा।
  • कैरियर और शिक्षा में उन्नन्ति के लिए चांदी का ठोस चौकोर टुकड़ा सदैव अपने पास रखे।
 
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